चार हजार करोड़ बजट के बावजूद गरीब परिवार पीएम आवास के इंतजार में
प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण 2.0 का लक्ष्य छह माह से- अटका

अंडा // दुर्ग 10 सितम्बर 2026
प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण (PMAY-G) 2.0 के तहत पात्र ग्रामीण परिवारों को आवास का लाभ नहीं मिलने से नाराज आवास अधिकार कार्यकर्ताओं ने जिला पंचायत दुर्ग के घेराव का निर्णय लिया है। आयोजित बैठक में कार्यकर्ताओं ने कहा कि चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 के छह माह बीतने के बावजूद योजना की प्रक्रिया अपेक्षित रूप से आगे नहीं बढ़ पाई है, जिसके कारण गरीब परिवार पक्के मकान की उम्मीद में इंतजार कर रहे हैं।
आवास अधिकार कार्यकर्ता ढालेश साहू ने कहा कि
आवास प्लस 2.0 का सर्वेक्षण एवं ग्राम सभा स्तर पर पात्र परिवारों का अनुमोदन होने के बाद भी कई क्षेत्रों में आवास सॉफ्टवेयर पर लक्ष्य जारी नहीं होने से हितग्राहियों के स्वीकृति आदेश और प्रथम किस्त की प्रक्रिया अटकी हुई है। उन्होंने कहा कि पात्र परिवारों की पहचान और सर्वेक्षण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद भी लक्ष्य आवंटन में देरी समझ से परे है।
साहू ने कहा कि केंद्र सरकार ने PMAY-G 2.0 के तहत वर्ष 2024-29 के लिए 2 करोड़ अतिरिक्त आवासों का लक्ष्य स्वीकृत किया है, वहीं छत्तीसगढ़ सरकार ने चालू वित्तीय वर्ष में योजना के लिए ₹4,000 करोड़ का प्रावधान किया है। इसके बावजूद यदि पात्र परिवारों को समय पर स्वीकृति और निर्माण की पहली किस्त नहीं मिल रही है, तो सरकार को स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।
उन्होंने केंद्र के ग्रामीण विकास मंत्रालय एवं राज्य सरकार से तत्काल जिला, जनपद और ग्राम पंचायतवार लक्ष्य जारी करने, आवास सॉफ्ट पर लक्ष्य दर्ज कराने, पात्र हितग्राहियों के स्वीकृति आदेश जारी करने तथा लंबित किस्तों का भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की।
जिला पंचायत दुर्ग का होगा घेराव
बैठक में निर्णय लिया गया कि मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं होने पर आवास अधिकार कार्यकर्ताओं द्वारा जिला पंचायत दुर्ग का घेराव कर आंदोलन किया जाएगा। बैठक में मचांदूर, अंडा, रिसामा, निकुम, आलबरस, जंजगिरी, भोथली सहित विभिन्न क्षेत्रों के आवास अधिकार कार्यकर्ता एवं प्रतिनिधि शामिल हुए। गितेश्वर साहू, प्रभा पटेल, गोमती देशमुख, सोनिया साहू, कान्हा पाण्डे सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने भाग लिया।
जारीकर्ता
कान्हा पाण्डे
आवास अधिकार कार्यकर्ता
